अकबर के नो रत्नों में एक बीरबल .विजय नगर के महाराजा कृष्ण देव राय के तेनालीराम .
तुर्किस्थान के मुल्ला नसरुद्दीन के समान चीन के चांग प्रशिद्ध हुए है /कई हास्य प्रसंगइन लोगो
से जुड़े है /मुल्ला नसरुद्दीन अपनेगधे को लेकर फिरा करते व हास्य के साथ ही जीवन के सत्य
प्रकट करते रहते थे /उन्ही के समान चीन के चांग भी अपने गधे को साथ लेकर जाते थे /चांग
मनमोजी निडर व बुद्धि मान थे /एक बार उन्हें विचार आया कि आराम करनेमे आनंद क्यों
आताहै /उन्हें मंथन करने पर लगाकि परिश्रम करने से शरीर थक जाता है / मनुष्य को इस थकान को मिटाने के लिए आराम करना पड़ता है /इसलिए आराम में आनंद आता
है इस निष्कर्ष की सत्यता जानने के लिए वह बाजार में जहा मजदूर काम की तलाश में बैठते है
अपने साथ एक रस्सा लेकर गया /इतने में एक धनी किन्तु कंजुस व्यक्ति आया /उसने कहा सामनेकी
की दुकान से मैंने चीनी के कलात्मक मंहगे बर्तन खरीद कर बक्से में रखे है /कोई बक्से को मेरे
घर तक पंहुचा सकता है /यह सुन कर कई मजदुर तैयार होगये किन्तु उस धनी की शर्त सुनकर सब
ने इंकार कर दिया /धनी ने शर्त बताई कि वह मजदूरी में पैसे नहीं देगा /वहतीन अनमोल सलाहे
देगा /मजदूरो ने सो चा की मजदूरी के पैसे से पेट भरता है सलाओ से नहीं /चांग मन मो जी तो था ही उसने सोचा इसकी सलाहों को जानना चाही है इसलिए वह बक्से को
उसके को उसके घर ले जाने को तैयार हो गया /उसने रस्से से बक्सेको अपनी पीठ से बांधा
व उस धनी के साथ चल पड़ा /थोडा चलने के बाद उसने सलाहों के बारे में कहा आप अपनी सलाह
घर तक पंहुचा सकता है /यह सुन कर कई मजदुर तैयार होगये किन्तु उस धनी की शर्त सुनकर सब
ने इंकार कर दिया /धनी ने शर्त बताई कि वह मजदूरी में पैसे नहीं देगा /वहतीन अनमोल सलाहे
देगा /मजदूरो ने सो चा की मजदूरी के पैसे से पेट भरता है सलाओ से नहीं /चांग मन मो जी तो था ही उसने सोचा इसकी सलाहों को जानना चाही है इसलिए वह बक्से को
उसके को उसके घर ले जाने को तैयार हो गया /उसने रस्से से बक्सेको अपनी पीठ से बांधा
व उस धनी के साथ चल पड़ा /थोडा चलने के बाद उसने सलाहों के बारे में कहा आप अपनी सलाह
बताओ /मेरी सलाह जीवन के अनुभवो का निचोड़ है /इसे इतनी जल्दी कैसे बताया जाय /
कुछ थोडा और आगे चलो तब बताऊंगा जब आधे से अधिक रास्ता तय हो गया तब छांगने धनि से
फिर आग्रह किया तो धनी ने सलाह दीकी अगर कोई तुम्हे कहे कि आधा पेट भोजन पाव
पेट पानी और पाव पेट खाली रख कर खाना बंद कर देना चाहिए तो तुम ने उसकी यह बात नहीं
मानना क्योंकि गरीब मजदुर को बादमे खाना मिले या नहीं इसलिए भर पेट खाना खाना चाहिए
चांग ने कहा वाह सेठ वाह कितनी बढ़िया सलाह दी /ऐसी सलाह तो पैसे देने पर भी नहीं मिलती
चांग ने चलते चलते दूसरी सलाह पूछी /धनीने कहा अगर तुम्हे को ई कहे कि अमीरी में बहुत
दुःख है गरीबी में बहुत सुख है बढ़िया घोड़े की सवारी छोड़ कर पैदल चलाना अच्छा है तो
उसकी बात हीमत मानना क्योकि वह गरीब को गरीब ही रखना चाहता है /चा ग ने कहा
सेठ कितनी बढ़िया सलाह है लाख टके की सलाह बताई /हा अब तो तुम्हारा घर पास आगया
जल्दीसे अपनी तीसरी सलाह बता धनी ने कहा यदि तुम्हे कोई कहे की तुम बहुत बुद्धि मान
हो तो उसकी बात नहीं मानना क्योंकि लोग मूर्खो को ऐसा कहकर उनकी झूठी प्रशंसा कर उनसे
अपना काम करवाते है /इतनी बाते करते करते धनी का घर आगया /चांग ने लापरवाही से झटके
से रस्से की गठान छोड़ कर बक्से को धडाम से जमीं पर गिरादिया और कहा सेठ कोई कहे इसबक्से में कोई बर्तन साबुत बच गयाहोगा तो उसकी बात
का बिलकुल भी विश्वाश मत करना /अपने से कम बुद्धि वालेकी बात नहीं मानना
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